Read
Books
Magazines
Artical
Artical & Series
Stories
Great Personalities
Festival & Retuales
Lectures
Pragya Geet
Audio
Listen
ऑडियो पुस्तकें
प्रेरक कहानियाँ
प्रवचन
प्रज्ञा गीत
ऋषि चिंतन
ध्यान
मंत्र
About us
Contact us
✖
Tags
Books
Magazines
Articles
Article & Series
Stories
Great Personalities
Festival & Rituals
Lectures
Pragya Geet
Audio
Trending searches
0
0
No items in cart
Guest
Not logged in
Guest
Not logged in
Profile
My Order
Wishlist
ईश्वर अंश जीव अविनाशी
Share
0
Author:
N/A
Code:
AJH1966Dec_2
#ईश्वर
#अंश
#जीव
ईश्वर अंश जीव अविनाशी Document
PDF is Ready
Scroll to read the document.
Topic Of Source Title
गीता जयन्ती से ब्रह्म विद्यालय का प्रारम्भ_AJH1966Dec
निर्माण और निर्वाण की जोड़ी
ईश्वर अंश जीव अविनाशी
आत्मज्ञान से ही दुःखों की निवृत्ति संभव है।
सुखद भविष्य की आशा रखिये।
शिष्ट व्यवहार ही मनुष्यता की शोभा है।
महान वे बनते हैं जो कठिनाइयों से डरते नहीं
सहानुभूति, मनुष्य का दैवी गुण
भौतिकवादी दृष्टिकोण हमारे लिये नरक सृजन करेगा।
असफलता को देखकर निराश न हों।
ईर्षा नहीं स्वस्थ स्पर्धा कीजिए
बाह्य और आन्तरिक मलीनता दूर हटायें
शुभ कार्य के लिया हर दिन शुभ है।
सन्तान न होना ईश्वर की कृपा ही समझिये
मिथ्या मान्यताओं भ्रान्त घारणाओं से क्या लाभ?
गौ रक्षण के साथ गौ संवर्घन भी
गायत्री की उच्चस्तरीय साघना-गायत्री महामंत्र की शब्द शक्त्ति
अपनों से अपनी बात-गीता जयन्ती से ब्रह्म विद्यालय का प्रारम्भ
Related Articles
3_ईश्वर (लेख)
56
0
Related Stories
मानव जीवन की सार्थकता
515
0
जीवन यात्रा का महान पथ
372
0
दाम्पत्य जीवन का सुख यों प्राप्त करें
421
0
विश्व रचियता ईश्वर
512
0
मानव जीवन की सफलता का मार्ग
432
0
हमारा जीवन और उसका सनातन रहस्य
446
0
हम जीवन का उद्देश्य पूर्ण करें
568
0
विश्व प्रेम ही ईश्वर प्रेम है
583
0
जीवन का साध्य आत्म ज्ञान
751
0
परलोक जीवन और सात नर्क
586
0
Share this Document
WhatsApp
Facebook
X
Telegram
LinkedIn
Copy Link